Train Travel Rules- ट्रेन में तेज आवाज में गाने सुनने वाले हो जाएं सावधान, फोन चलाया तो 1000 का जुर्माना
दोस्तो अगर आपने ट्रेन में सफर किया हो तो आपने देखा होगा कि कई लोग सफर के दौरान तेज आवाज में गाना सुनते हैं, वीडियो देखना या सोशल मीडिया रील्स स्क्रॉल करने से सह-यात्रियों को परेशानी हो सकती है और रेलवे नियमों के तहत आपके खिलाफ कार्रवाई भी हो सकती है। सदर्न रेलवे ने शांति बनाए रखने और सभी के लिए एक आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से दिशा-निर्देशों को फिर से दोहराया है। आइए जानते हैं इसके बारे में पूरी डिटेल्स

नए रेलवे दिशा-निर्देशों की मुख्य बातें:
₹1,000 तक का जुर्माना: जो यात्री परेशानी पैदा करते हैं, उनके खिलाफ रेलवे कर्मचारी कानूनी प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई कर सकते हैं।
गंभीर मामलों में जेल: रेलवे अधिनियम की धारा 145 के तहत, परेशानी पैदा करने का दोषी पाए जाने पर व्यक्ति को छह महीने तक की जेल, ₹5,000 तक का जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं।
इयरफ़ोन का इस्तेमाल करें: यात्रियों को सलाह दी जाती है कि संगीत सुनते, वीडियो देखते या कोई अन्य ऑडियो कंटेंट सुनते समय इयरफ़ोन का इस्तेमाल करें।
ज़ोर से बातचीत करने से बचें: मोबाइल फोन पर तेज़ आवाज़ में बात करने, तेज़ रिंगटोन का इस्तेमाल करने और दूसरों को परेशान करने से बचें, खासकर रात के समय।
फोन को साइलेंट पर रखें: अनावश्यक शोर से बचने के लिए रेलवे प्रशासन मोबाइल फोन को साइलेंट या वाइब्रेशन मोड पर रखने की सलाह देता है।
सदर्न रेलवे ने ये निर्देश क्यों जारी किए हैं?
सदर्न रेलवे के अनुसार, मोबाइल स्पीकर पर तेज़ आवाज़ में संगीत और वीडियो चलाने से उन यात्रियों को परेशानी होती है जो अपनी यात्रा के दौरान आराम करना या सोना चाहते हैं। यह समस्या AC कोचों और रात की यात्रा के दौरान और भी गंभीर हो सकती है।
जागरूकता फैलाने के लिए, रेलवे प्रशासन ने निर्देश दिया है कि पब्लिक एड्रेस सिस्टम के ज़रिए हिंदी, अंग्रेज़ी और क्षेत्रीय भाषाओं में घोषणाएं की जाएं। रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में नोटिस भी लगाए जा सकते हैं।

रेलवे अधिनियम की धारा 145 क्या कहती है
धारा 145 दुर्व्यवहार से संबंधित है, जिसमें रेलवे परिसर में नशे की हालत में होना, परेशानी पैदा करना और अन्य तरह का व्यवधान डालने वाला व्यवहार शामिल है। नियमों का उल्लंघन करने वाले यात्रियों के खिलाफ रेलवे कर्मचारी उचित कार्रवाई कर सकते हैं।
मोबाइल फोन पर ऑडियो चलाने का मतलब यह नहीं है कि यात्री को तुरंत जेल भेज दिया जाएगा। कार्रवाई परिस्थितियों, अपराध की प्रकृति और संबंधित कानूनी प्रावधानों पर निर्भर करती है।
