Government Scheme- राजस्थान सरकारी कर्मचारियों के खुशखबरी, कैंसर के इलाज के लिए मिलेगा विशेष पैकेज

 
CAR-T Cell Therapy

दोस्तो जैसा कि हम सब जानते हैं कि कैंसर एक गंभीरी और वैश्विक बीमारी बनती जा रही हैं, जिसका इलाज कराना बहुत ही महंगा है, ऐसेमें राजस्थान सरकार ने गंभीर ब्लड कैंसर से जूझ रहे मरीजों के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की पहल पर CAR-T Cell Therapy को राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (RGHS) के स्वीकृत पैकेज में शामिल किया गया है। आइए जानते हैं इसके बारे में पूरी डिटेल्स

CAR-T Cell Therapy

CAR-T Cell Therapy के लिए ₹30 लाख तक का पैकेज

₹26 लाख CAR-T Cells के निर्माण की लागत के लिए

₹4 लाख तक सपोर्टिव केयर और संभावित जटिलताओं के प्रबंधन के लिए

इसमें Tocilizumab, IVIG, अस्पताल में भर्ती और डिस्चार्ज के बाद 30 दिनों तक की दवाओं जैसी सुविधाएं शामिल हैं।

इससे पात्र मरीजों और उनके परिवारों पर इलाज के भारी आर्थिक बोझ को कम करने में मदद मिलेगी।

पेंशनर्स को भी मिलेगा लाभ

यह सुविधा केवल RGHS के पात्र लाभार्थियों तक सीमित नहीं रहेगी। राजस्थान स्टेट पेंशनर्स मेडिकल कंसेशन स्कीम, 2021 के तहत चिकित्सा सुविधाएं प्राप्त करने वाले पेंशनर्स भी इसका लाभ उठा सकेंगे।

इसके अलावा RCS (MA) Rules, 2013 के अनुसार RGHS के माध्यम से चिकित्सा सुविधाएं लेने वाले पात्र लाभार्थियों को भी इस व्यवस्था में शामिल किया गया है।

CAR-T Cell Therapy

क्या है CAR-T Cell Therapy?

CAR-T Cell Therapy एक आधुनिक इम्यूनोथेरेपी है, जिसमें मरीज के रक्त से T-lymphocytes को निकालकर प्रयोगशाला में इस तरह तैयार किया जाता है कि वे कैंसर कोशिकाओं को पहचानकर उन पर हमला कर सकें। आवश्यक जांच और गुणवत्ता परीक्षण के बाद इन संशोधित कोशिकाओं को मरीज के शरीर में दोबारा पहुंचाया जाता है।

हर कैंसर मरीज के लिए नहीं है यह उपचार

विशेषज्ञों के अनुसार CAR-T Cell Therapy सभी कैंसर मरीजों के लिए उपयुक्त नहीं होती। मरीज की पात्रता का निर्धारण विशेषज्ञ डॉक्टरों या विशेषज्ञ समिति द्वारा किया जाएगा।

इसके लिए बीमारी का प्रकार, पहले किए गए उपचार, मरीज की सामान्य स्वास्थ्य स्थिति और निर्धारित मेडिकल मानकों को ध्यान में रखा जाएगा। उपचार से पहले आवश्यक जांच, विशेषज्ञ समिति की सिफारिश और प्री-अप्रूवल प्रक्रिया पूरी करना जरूरी होगा।