Gold & Silver Price- दिवाली से पहले सोने और चांदी में बड़ी गिरावट, चांदी ₹2 लाख से नीचे
दोस्तो सोना और चांदी में निवेश करने वालों के लिए खुशखबरी, दिवाली से पहले दोनों की कीमती धातुओं की कीमत में भारी गिरावट देखने को मिल रही हैं, पिछले कारोबारी सत्र के दौरान, सोने के वायदा भाव (फ्यूचर्स) में लगभग 2% की गिरावट आई, जबकि चांदी की कीमतों में करीब 5% की भारी गिरावट दर्ज की गई। इसके चलते, घरेलू बाजार में चांदी की कीमत ₹2 लाख प्रति किलोग्राम से नीचे आ गई।
निवेशक और आभूषण खरीदार इन उतार-चढ़ाव पर बारीकी से नजर रख रहे हैं, ताकि यह अंदाजा लगाया जा सके कि आने वाले सत्रों में कीमतें और गिरेंगी या उनमें सुधार आएगा।

सोने और चांदी की कीमतों की मुख्य बातें:
- सोने की कीमतें: पिछले कारोबारी सत्र में घरेलू बाजार में सोने के वायदा भाव में लगभग 2% की गिरावट आई।
- चांदी की कीमतें: चांदी में लगभग 5% की बड़ी गिरावट देखी गई, जिससे इसकी कीमत ₹2 लाख प्रति किलोग्राम से नीचे आ गई।
- अंतरराष्ट्रीय सोना: COMEX पर सोना लगभग $4,000.80 प्रति औंस के भाव पर कारोबार कर रहा था।
- अंतरराष्ट्रीय चांदी: चांदी की कीमत गिरकर लगभग $53.995 प्रति औंस पर आ गई।
- बाजार का रुझान: वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता और निवेशकों की बदलती धारणा के बीच, दोनों कीमती धातुओं में अस्थिरता बनी हुई है।
घरेलू बाजार में सोने की कीमतों में गिरावट
हालिया बिकवाली के दबाव के कारण भारत के वायदा बाजार में सोने की कीमतों में कमजोरी आई है। उपलब्ध बाजार आंकड़ों के अनुसार, 24 कैरेट सोना लगभग ₹1.42 लाख प्रति 10 ग्राम के भाव पर कारोबार कर रहा था।
इस गिरावट ने निवेशकों और सोने के आभूषण खरीदने की योजना बना रहे लोगों का ध्यान खींचा है। हालांकि, शहर, करों और अन्य लागू शुल्कों के आधार पर, वायदा भाव और खुदरा कीमतों में अंतर हो सकता है।

चांदी की कीमत ₹2 लाख प्रति किलोग्राम से नीचे आई
सोने की तुलना में चांदी में अधिक बड़ी गिरावट देखी गई, और घरेलू बाजार में इसकी कीमत गिरकर लगभग ₹1.96 लाख प्रति किलोग्राम पर आ गई। चांदी की कीमत का ₹2 लाख के स्तर से नीचे आना निवेशकों और औद्योगिक खरीदारों, दोनों का ध्यान खींच रहा है।
सोने और चांदी की कीमतें क्यों गिर रही हैं?
कीमती धातुओं की कीमतें अमेरिकी डॉलर, अंतरराष्ट्रीय बाजार के रुझान, ब्याज दरों को लेकर उम्मीदों, वैश्विक आर्थिक स्थितियों और निवेशकों की गतिविधियों से प्रभावित होती हैं। इसके अलावा, औद्योगिक मांग भी चांदी की कीमतों पर असर डालती है।
