Gold and Silver Price- चांदी और सोना हुआ सस्ता, जानिए आपके शहर में क्या हैं कीमत
दोस्तो अगर आप सोना और चांदी खरीदने की सोच रहे है, तो आपके लिए सबसे अच्छा मौका हैं, क्योंकि 3 सितंबर को लगातार दूसरे दिन दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, 24 कैरेट सोने की कीमत में करीब ₹1,999 प्रति 10 ग्राम की गिरावट आई है। वहीं, चांदी भी ₹2,023 प्रति किलोग्राम सस्ती हुई।
खास बात यह है कि पिछले दो दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गैर-जरूरी सोना खरीद से बचने की अपील के बाद बाजार में भी इसका असर देखने को मिला है।

2 दिन में सोना-चांदी कितना सस्ता हुआ?
IBJA के अनुसार, 3 सितंबर को 24 कैरेट सोने का भाव करीब ₹1.51 लाख प्रति 10 ग्राम रह गया। एक दिन में इसमें ₹1,999 की गिरावट दर्ज की गई।
वहीं, चांदी की कीमत करीब ₹2.28 लाख प्रति किलोग्राम पर आ गई, जो पिछले भाव से ₹2,023 कम है।
पिछले दो दिनों की बात करें तो:
सोना करीब ₹4,651 प्रति 10 ग्राम सस्ता हुआ।
चांदी करीब ₹8,803 प्रति किलोग्राम सस्ती हुई।
अकेले पिछले दिन सोने में ₹2,652 और चांदी में ₹6,780 की गिरावट आई थी।
ऑल टाइम हाई से चांदी ₹1.58 लाख नीचे
साल 2026 में सोने और चांदी की कीमतों में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
31 दिसंबर 2025 को सोना करीब ₹1.33 लाख प्रति 10 ग्राम था। इसके बाद इसमें तेज उछाल आया और 29 जनवरी को कीमत करीब ₹1.76 लाख प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गई।
इसके बाद सोने की कीमत में करीब ₹25,000 की गिरावट आ चुकी है।
चांदी की बात करें तो 31 दिसंबर 2025 को इसका भाव करीब ₹2.28 लाख प्रति किलोग्राम था। 29 जनवरी को चांदी ने करीब ₹3.86 लाख प्रति किलोग्राम का रिकॉर्ड स्तर छुआ। इसके बाद इसमें लगभग ₹1.58 लाख प्रति किलोग्राम की गिरावट आ चुकी है।

अलग-अलग शहरों में सोने के भाव अलग क्यों होते हैं?
अक्सर लोगों के मन में सवाल रहता है कि एक ही दिन अलग-अलग शहरों में सोने की कीमत अलग क्यों होती है। इसके पीछे कई कारण होते हैं:
1. ट्रांसपोर्ट और सुरक्षा खर्च
एक शहर से दूसरे शहर तक सोना पहुंचाने में परिवहन और सुरक्षा का खर्च जुड़ता है। दूरी और लॉजिस्टिक लागत बढ़ने पर इसका असर स्थानीय कीमत पर पड़ सकता है।
2. खरीद की मात्रा
कुछ क्षेत्रों में सोने की मांग काफी अधिक होती है। बड़े स्तर पर खरीद होने के बावजूद थोक खरीद का फायदा हमेशा ग्राहकों तक पूरी तरह नहीं पहुंचता।
3. स्थानीय ज्वैलर्स एसोसिएशन
शहर और राज्य स्तर पर स्थानीय ज्वैलर्स एसोसिएशन भी बाजार की परिस्थितियों, स्थानीय मांग और सप्लाई को ध्यान में रखते हुए कीमतों को प्रभावित कर सकते हैं।
4. पुराने स्टॉक की खरीद कीमत
ज्वैलर ने जिस कीमत पर सोना खरीदा है, उसका असर भी बिक्री मूल्य पर पड़ता है। इसलिए अलग-अलग दुकानों पर कीमत में थोड़ा अंतर दिखाई दे सकता है।
