Fraud Alert- भारी छूट के चक्कर में लिंक पर क्लिक मत कर देना, बैंक अकाउंट हो जाएगा खाली

 
Fraud Alert- भारी छूट के चक्कर में लिंक पर क्लिक मत कर देना, बैंक अकाउंट हो जाएगा खाली दोस्तो भारत में दिवाली का त्योहार हैं और आज धनतेरस हो गई है, लोग अपने लिए स्मार्टफोन और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स से लेकर कपड़ों और घर के ज़रूरी सामान तक, ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म पर मिलने वाली सेल और शानदार डिस्काउंट को देख शॉपिंग कर रहे हैं। लेकिन साइबर अपराधी भी इस खरीदारी की भीड़ का फायदा उठाते हैं और नकली वेबसाइटों, धोखाधड़ी वाले ऑफ़र और संदिग्ध लिंक के ज़रिए ग्राहकों को अपना शिकार बनाते हैं। इसलिए, दिवाली के दौरान ऑनलाइन खरीदारी करते समय सतर्क रहना और कुछ ज़रूरी सुरक्षा उपायों का पालन करना बहुत ज़रूरी है, आइए जानते हैं इसके बारे में-  1. बहुत ज़्यादा डिस्काउंट देने वालों से सावधान रहें अगर आपको महंगे स्मार्टफोन, लैपटॉप या इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स पर 70–80% का डिस्काउंट मिल रहा है, तो तुरंत उस डील पर भरोसा न करें। - ब्रांड की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर प्रोडक्ट की कीमत ज़रूर चेक करें। - ऐसी अनजान शॉपिंग वेबसाइटों से बचें जो बहुत ज़्यादा (अविश्वसनीय) डिस्काउंट दे रही हों। - 'काउंटडाउन टाइमर' या "सिर्फ 3 आइटम बचे हैं" जैसे संदेशों के झांसे में न आएं। - विक्रेता की विश्वसनीयता की जांच किए बिना कभी भी पेमेंट न करें। 2. नकली गिफ्ट और लकी ड्रॉ वाले संदेशों से बचें धोखाधड़ी करने वाले अक्सर व्हाट्सएप या SMS भेजकर दावा करते हैं कि आपने आईफोन, सोने का सिक्का या शॉपिंग वाउचर जीता है। - किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें। - इनाम पाने के लिए कभी भी अपना UPI पिन, OTP या डेबिट/क्रेडिट कार्ड की जानकारी किसी के साथ साझा न करें। - अगर कोई संदेश आपसे गिफ्ट पाने के बदले छोटी सी फीस देने के लिए कहे, तो उसे नज़रअंदाज़ कर दें। - किसी भी प्रमोशनल ऑफ़र की पुष्टि कंपनी के आधिकारिक चैनलों के ज़रिए ही करें। 3. नकली शॉपिंग वेबसाइटों और ऐप्स को पहचानें साइबर अपराधी अक्सर ऐसी नकली वेबसाइटें बना लेते हैं जो बिल्कुल जानी-मानी शॉपिंग वेबसाइटों जैसी दिखती हैं। कुछ भी खरीदने से पहले, इन सावधानियों का पालन करें: - वेबसाइट का URL और उसकी स्पेलिंग को ध्यान से चेक करें। - 'कांटेक्ट अस' (संपर्क) सेक्शन और 'रिटर्न पॉलिसी' को ज़रूर देखें। - अनजान लिंक से APK फाइलें डाउनलोड करने से बचें। - शॉपिंग ऐप्स हमेशा गूगल प्ले स्टोर या एप्पल ऐप स्टोर से ही डाउनलोड करें। 4. नकली डिलीवरी और कस्टमर केयर कॉल से सावधान रहें धोखाधड़ी करने वाले ऐसे संदेश भेज सकते हैं जिनमें दावा किया जाए कि आपका पार्सल कहीं अटक गया है या आपको अपना डिलीवरी पता अपडेट करने की ज़रूरत है। वे खुद को कस्टमर केयर प्रतिनिधि बताकर भी बात कर सकते हैं। 5. सुरक्षित ऑनलाइन शॉपिंग के लिए इन सुझावों का पालन करें - आधिकारिक वेबसाइटों और एप्लिकेशन के ज़रिए ही खरीदारी करें। - भरोसेमंद प्लेटफ़ॉर्म पर उपलब्ध सुरक्षित पेमेंट विकल्पों का इस्तेमाल करें। - ग्राहकों के रिव्यू और सेलर की रेटिंग चेक करें। - शॉपिंग अकाउंट के लिए मज़बूत और अलग पासवर्ड बनाएं। - जहाँ भी उपलब्ध हो, टू-स्टेप वेरिफिकेशन (two-step verification) चालू करें। - किसी के दबाव में आकर पेमेंट न करें। - अनजान वेबसाइटों पर कभी भी अपनी बैंकिंग जानकारी सेव न करें। 6. अगर आप ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार हो जाएं, तो आपको क्या करना चाहिए? अगर आपको कोई ऐसा ट्रांजेक्शन दिखे जो आपने नहीं किया है, या आपको लगे कि आपके साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी हुई है, तो तुरंत कदम उठाएं। 1. तुरंत अपने बैंक से संपर्क करें और अपना कार्ड ब्लॉक करवाने या अपने अकाउंट को सुरक्षित करने में मदद मांगें। 2. प्रभावित अकाउंट के पासवर्ड बदल दें। 3. संदिग्ध एप्लिकेशन को अनइंस्टॉल करें और अनावश्यक अनुमतियों (permissions) को हटा दें। 4. इस घटना की रिपोर्ट आधिकारिक साइबर क्राइम पोर्टल: cybercrime.gov.in पर करें। 5. वित्तीय धोखाधड़ी की रिपोर्ट करने के लिए जल्द से जल्द नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।

दोस्तो भारत में दिवाली का त्योहार हैं और आज धनतेरस हो गई है, लोग अपने लिए स्मार्टफोन और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स से लेकर कपड़ों और घर के ज़रूरी सामान तक, ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म पर मिलने वाली सेल और शानदार डिस्काउंट को देख शॉपिंग कर रहे हैं। लेकिन साइबर अपराधी भी इस खरीदारी की भीड़ का फायदा उठाते हैं और नकली वेबसाइटों, धोखाधड़ी वाले ऑफ़र और संदिग्ध लिंक के ज़रिए ग्राहकों को अपना शिकार बनाते हैं। इसलिए, दिवाली के दौरान ऑनलाइन खरीदारी करते समय सतर्क रहना और कुछ ज़रूरी सुरक्षा उपायों का पालन करना बहुत ज़रूरी है, आइए जानते हैं इसके बारे में-

Fraud Alert- भारी छूट के चक्कर में लिंक पर क्लिक मत कर देना, बैंक अकाउंट हो जाएगा खाली

1. बहुत ज़्यादा डिस्काउंट देने वालों से सावधान रहें

अगर आपको महंगे स्मार्टफोन, लैपटॉप या इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स पर 70–80% का डिस्काउंट मिल रहा है, तो तुरंत उस डील पर भरोसा न करें।

- ब्रांड की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर प्रोडक्ट की कीमत ज़रूर चेक करें।

- ऐसी अनजान शॉपिंग वेबसाइटों से बचें जो बहुत ज़्यादा (अविश्वसनीय) डिस्काउंट दे रही हों।

- 'काउंटडाउन टाइमर' या "सिर्फ 3 आइटम बचे हैं" जैसे संदेशों के झांसे में न आएं।

- विक्रेता की विश्वसनीयता की जांच किए बिना कभी भी पेमेंट न करें।

2. नकली गिफ्ट और लकी ड्रॉ वाले संदेशों से बचें

धोखाधड़ी करने वाले अक्सर व्हाट्सएप या SMS भेजकर दावा करते हैं कि आपने आईफोन, सोने का सिक्का या शॉपिंग वाउचर जीता है।

- किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें।

- इनाम पाने के लिए कभी भी अपना UPI पिन, OTP या डेबिट/क्रेडिट कार्ड की जानकारी किसी के साथ साझा न करें।

- अगर कोई संदेश आपसे गिफ्ट पाने के बदले छोटी सी फीस देने के लिए कहे, तो उसे नज़रअंदाज़ कर दें।

- किसी भी प्रमोशनल ऑफ़र की पुष्टि कंपनी के आधिकारिक चैनलों के ज़रिए ही करें।

3. नकली शॉपिंग वेबसाइटों और ऐप्स को पहचानें

साइबर अपराधी अक्सर ऐसी नकली वेबसाइटें बना लेते हैं जो बिल्कुल जानी-मानी शॉपिंग वेबसाइटों जैसी दिखती हैं।

कुछ भी खरीदने से पहले, इन सावधानियों का पालन करें:

- वेबसाइट का URL और उसकी स्पेलिंग को ध्यान से चेक करें।

- 'कांटेक्ट अस' (संपर्क) सेक्शन और 'रिटर्न पॉलिसी' को ज़रूर देखें।

- अनजान लिंक से APK फाइलें डाउनलोड करने से बचें।

- शॉपिंग ऐप्स हमेशा गूगल प्ले स्टोर या एप्पल ऐप स्टोर से ही डाउनलोड करें।

4. नकली डिलीवरी और कस्टमर केयर कॉल से सावधान रहें

धोखाधड़ी करने वाले ऐसे संदेश भेज सकते हैं जिनमें दावा किया जाए कि आपका पार्सल कहीं अटक गया है या आपको अपना डिलीवरी पता अपडेट करने की ज़रूरत है। वे खुद को कस्टमर केयर प्रतिनिधि बताकर भी बात कर सकते हैं।

Fraud Alert- भारी छूट के चक्कर में लिंक पर क्लिक मत कर देना, बैंक अकाउंट हो जाएगा खाली

5. सुरक्षित ऑनलाइन शॉपिंग के लिए इन सुझावों का पालन करें

- आधिकारिक वेबसाइटों और एप्लिकेशन के ज़रिए ही खरीदारी करें।

- भरोसेमंद प्लेटफ़ॉर्म पर उपलब्ध सुरक्षित पेमेंट विकल्पों का इस्तेमाल करें।

- ग्राहकों के रिव्यू और सेलर की रेटिंग चेक करें।

- शॉपिंग अकाउंट के लिए मज़बूत और अलग पासवर्ड बनाएं।

- जहाँ भी उपलब्ध हो, टू-स्टेप वेरिफिकेशन (two-step verification) चालू करें।

- किसी के दबाव में आकर पेमेंट न करें।

- अनजान वेबसाइटों पर कभी भी अपनी बैंकिंग जानकारी सेव न करें।

6. अगर आप ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार हो जाएं, तो आपको क्या करना चाहिए?

अगर आपको कोई ऐसा ट्रांजेक्शन दिखे जो आपने नहीं किया है, या आपको लगे कि आपके साथ ऑनलाइन धोखाधड़ी हुई है, तो तुरंत कदम उठाएं।

1. तुरंत अपने बैंक से संपर्क करें और अपना कार्ड ब्लॉक करवाने या अपने अकाउंट को सुरक्षित करने में मदद मांगें।

2. प्रभावित अकाउंट के पासवर्ड बदल दें।

3. संदिग्ध एप्लिकेशन को अनइंस्टॉल करें और अनावश्यक अनुमतियों (permissions) को हटा दें।

4. इस घटना की रिपोर्ट आधिकारिक साइबर क्राइम पोर्टल: cybercrime.gov.in पर करें।

5. वित्तीय धोखाधड़ी की रिपोर्ट करने के लिए जल्द से जल्द नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।