वास्तु का सभी के जीवन में खास योगदान होता है। हम अपने घर में कौनसी वस्तु रखते हैं और किस दिशा में रखते हैं, इस बारे में भी वास्तु में जानकारी दी गई है। इसके अलावा कमरे, पूजा घर, बाथरूम आदि किस दिशा में बनाना चाहिए इस बारे में भी जानकारी दी गई है। आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि वास्तु के हिसाब से मंदिर कहाँ पर होना चाहिए।


अपने घर के कमरे में पूजा के स्थान के लिए कमरे का उत्तर-पूर्वी कोने यानि ईशान कोण का ही चयन करें।
यदि आप जगह की कमी के चलते पूजा घर बेडरूम में ही बना रहे हैं तो आप रात को सोते समय उसे परदे से ढंक देना चाहिए। इस से आप हमेशा खुश रहेंगे।
वास्तु के अनुसार दक्षिण दिशा की ओर मुंह करके बैठकर पूजा नहीं करना चाहिए। पूजा करते समय आपको हमेशा पूर्व में ही मुँह कर के रखना चाहिए।


अगर घर में जगह नहीं है तो किचन में मंदिर बनाने की भूल न करें। वास्तु के अनुसार किचन में कभी भी मंदिर नहीं होना चाहिए। ये एक वास्तु दोष होता है।
यदि आपके फ्लैट के ईशान कोण में पूजा स्थान बनवाना मु​मकिन न हो तो पूर्व दिशा में भी आप पूजा स्थान बना सकते हैं।
आपको पूजा घर बनाने के लोए संगमरमर के पत्थर का इस्तेमाल करना चाहिए।

Related News